छग प्रदेश स्वास्थ्य कर्मचारी संघ अपने लंबित मांगों के समर्थन मे समय समय पर शासन प्रशासन का ध्यान घरना प्रदर्शन आंदोलन कर आकृष्ट किया गया है जिसके तहत तीनो संचालक द्वारा मुख्य रूप से वेतन मान एवं कुछ संवर्गो के वेतन विसंगति को शासन प्रशान को अवगत कराते हुए संघ को अवगत कराया गया जिसके चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी लिपिक संवर्ग पैरामेडिकल स्टाफ और नर्सिग संवर्ग कर्मचारियो के वेतन मान प्रमुख है फेडरेशन के द्वारा किए गये आंदोलन के तहत उनकी मांगो पर विचार कर 17 सितम्बर 2021 को पिंगुवा समिति का गठन किया गया जिसमे स्वास्थ्य विभाग की ओर से कोई प्रस्ताव पिगुवा समिति को प्रस्तुत नही किया गया ना प्रमुख सचिव स्वास्थ कभी इस समिति के बैठको मे उपस्थित नही हुए

May 2022 मे अधिकारी कर्मचारी महासंघ के आदोलन के दौरान स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के प्रतिनिधि मण्डल को मुख्यमंत्री एवं मुख्य सचिव के निर्देश पर प्रमुख सचिव स्वास्थ्य तत्कानीन प्रमुख सचिव मनिन्दर कौर द्विवेदी के द्वारा चर्चा के लिए बुलाया सारे23 सूत्रीय मांगो पर विस्तृत चर्चा कर तीन दिन बाद आंदोलन को स्थगित किया गया

एवं 25 मई 2022 को सचिव स्तर की समिति का गठन किया गया प्रमुख सचिव स्वास्थ्य के द्वारा स्वास्थ्य कर्मचारियो की वेतन विसंगति एवं वेतन मान जो तीनो संचालक द्वारा समय समय पर शासन को भेजा गया था का प्रस्ताव बनाकर समिति के सामने प्रस्तुत किये इसकी जानकारी समय समय पर चर्चा के माध्यम से प्रमुख सचिव स्वास्थ्य द्वारा संघ को अवगत कराया फ़ेडरेशन के द्वारा दिसम्बर माह मे बचे हुए सी एल को उपयोग करने पिकनिक मनाओ तीन दिवसीय हड़ताल कर्मचारियो को गुमराह करने के लिए किया जा रहा स्वास्थ कर्मी इनके झांसे मे ना आवे हड़ताल करना ही था तो दोनो समिति की रिपोर्ट का उल्लेख होना था और अनिश्चित कालीन आंदोलन करना था तो स्वास्थ्य कर्मचारी संघ कर्मचारी हित मे निसर्त आंदोलन मे सम्मलित होता स्वास्थ्य कर्मियो के फूट का लाभ उठाने का प्रयास किया जा रहा है ताकि सचिव स्तर गठित समित जिसमे सिर्फ स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियो का भला होना है कूढ़ा दान मे चला जावे कर्मचारी ऐसे कुटनितिज्ञयो के झांसे मे ना आवे स्वास्थ्य कर्मचारियो के हितो के रक्षक स्वास्थ्य कर्मचारी संघ
