छत्तीसगढ़ प्रदेश स्वस्थ्य कर्मचारी संघ के एनएचएम प्रकोष्ठ का विचार चिंतन मंथन बैठक प्रांतीय कार्यालय रायपुर में माननीय श्री आलोक मिश्रा प्रांताध्यक्ष के मुख्य अतिथि एवम माननीय श्री ओ पी शर्मा संरक्षक, श्री रविंद्र तिवारी कार्यकारी प्रांताध्यक्ष, श्री अश्वनी गुर्देकेर महामंत्री श्री एस पी देवांगन उप प्रांताध्यक्ष, श्री आर पी यादव, श्री चेतन सिन्हा,श्री अनिल गढ़ेवाल एनएचएम प्रकोष्ट संयोजक , विजय निर्मलकर प्रकोष्ट महामंत्री, श्री मजीद खान एड्स प्रकोष्ठ संयोजक के विशिष्ट अथिति में सम्पन्न में सम्पन्न हुआ। मुख्य अथिति के आसंदी से माननीय आलोक मिश्रा ने सविदा नीति को शाशन की दोहरी नीति बताया। साथ ही सविदा कर्मचारियों को नियमितीकरण कर इस दोहरा नीति को बंद करने की बात कही। महोदय ने सविदा कर्मचारियों को विश्वास दिलाया है कि हम नियमित कर्मचारी संघ सविदा कर्मचारियों के साथ मे खड़े है और उनकी मांगों को शाशन स्तर तक पहुच कर रहेंगे। और किसी कर्मचारी की छटनी नही करेंगे। माननीय श्री ओ पी शर्मा ने लोगो को संबोधित किया और बताया कि हम सविदा कर्मचारियों के साथ लगातार कंघे से कंधे मिलाकर चल रहे है और सभी कर्मचारी एक है श्री अनिल गढ़े वाल ने अपने उद्बोधन में सविदा कर्मचारी जो कोरोना काल मे अपनी जान जोखिम में डालकर कार्य किया उसके बाद भी शासन ने उन्हें नियमितीकरण का सौगात नही दिया और न ही वेतन बढ़ोतरी की। अनिल गढ़ेवाल जी ने सविदा कर्मचारियों के प्रति वर्ष सेवा समाप्ति पर भी चिंता व्यक्त कर कहा कि अधिकारी की मनमानी और देष पूर्णभावना से सविदा कर्मचारी आज भी अपनी नौकरी खोते जा रहे है जो कि गलत है इसमे शुधार होना चाहिए।

श्री अस्वनी गुर्देकेर ने सविदा कर्मचारी के संबंध में बताया कि सबसे अधिक कार्य सविदा कर्मचारी ही करता है और वेतन भी कम मिलता है इसमे शुधार होना चाहिए। महामंत्री ने विजय निर्मलकर सविदा प्रथा को ही अभिशाप के साथ गोपनीय प्रतिवेदन में बदलाव की बात कही। श्री मजीद अली एच आइव्ही प्रकोष्ट ने एड्स कंट्रोल सोसाइटी को भी एनएचएम में सम्मिलित होने का प्रस्ताव रखा एवम वेतन विसंगति पर भी प्रकाश डाला। श्रीमती समृद्धि और योगिया बोले ने बताया कि सविदा कर्मचारियों को सेवा से हटाने का बार बार धमकी दिया जाता है और हम डर डर कर नौकरी करते है। अस्वनी पांडे एवम मकरान्त बंजारे ने बताया कि संगठन में रहकर हम अपनी बात को अधिकारियों के समछ रख सकते है साथ ही अपनी मांगों को मंनवा सकते है।

राकेश कुर्रे ने प्रांताध्यक्ष का गजमाल से स्वगत कर सविदा स्थायीकरण की बात कही राजेश जायसवाल एवम राजेश डहरिया ने एनएचएम कर्मचारी के संगठन के निर्माण के बारे में एवम समान काम समान वेतन सम्बन्धी अपनी मांग रखी। श्रीमति ऋचा मेश्राम ने बताया कि अधिकारी सविदा कर्मचारी को प्रताड़ित करने के कोई कसर नही छोड़ते और शानिवार को भी शासकीय अवकाश होने पर भी कार्यालय बुलाते है। स्वप्निल राय योगेश जड़िया ने सभी लोगो का आभार व्यक्त किया। उक्त विचार चिंतन मंथन में दो दर्जन बीपीएम, चिकित्सक, बीडीएम, बीएएम, जे एस ए, सीएचओ सहित एड्स काउंसलर, लैब तकनीशियन एवम विभिन्न कैडर के सविदा अधिकारी कर्मचारी सैकड़ो के संख्या में उपस्थित थे।